भेटुली गांव के वन पंचायत के जंगल में भीषण आग लग गई, जो करीब सात घंटे तक धधकती रही। जब गांववालों को इस आग के बारे में पता चला, तो तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। उसी समय गांव में एक शादी समारोह भी चल रहा था, लेकिन आग की गंभीरता को देखते हुए फायर फाइटरों की टीम शादी छोड़कर मौके पर पहुंची।
फायर ब्रिगेड के जवानों और स्थानीय लोगों ने मिलकर कड़ी मेहनत की और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, इस आग से जंगल की वन संपदा को भारी नुकसान हुआ है। कई पेड़-पौधे जलकर राख हो गए, जिससे पर्यावरण को भी बड़ा नुकसान हुआ है। अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि आग कैसे लगी, लेकिन अनुमान है कि गर्मी और सूखी घास की वजह से आग तेजी से फैली होगी।
गांववालों और प्रशासन की सतर्कता से आग पर काबू पा लिया गया, लेकिन इस घटना से एक बार फिर जंगलों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। लोगों से अपील की जा रही है कि वे जंगलों में आग लगने से बचाव के उपाय करें और सतर्क रहें, ताकि ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।