उत्तराखंड जल संस्थान के संविदा श्रमिकों को समय पर वेतन न मिलने के कारण उनके परिवारों पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। चार महीने पहले, श्रमिकों ने वेतन में देरी और ठेका प्रथा समाप्त करने की मांग को लेकर आंदोलन शुरू किया था। उन्होंने मुख्यमंत्री आवास घेराव की चेतावनी दी थी, लेकिन अब तक उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ है।
इस स्थिति में, श्रमिकों ने अपने परिवारों के साथ धरने पर बैठने का निर्णय लिया है। वे मुख्यमंत्री आवास कूच करने की योजना बना रहे हैं। उनकी मुख्य मांगें ठेका प्रथा समाप्त करना और श्रमिकों को उचित वेतन देना हैं।
यह स्थिति श्रमिकों और उनके परिवारों के लिए अत्यंत कठिन है, क्योंकि समय पर वेतन न मिलने से उनके जीवनयापन में कठिनाई हो रही है। सरकार से अपेक्षित है कि वह शीघ्र इस समस्या का समाधान करें और श्रमिकों को उनका हक दिलाएं।