मुख्य बिंदु
• हरिद्वार के श्यामपुर थाना क्षेत्र के नवविवाहित 4.2 फ्लाईओवर के मोड़ पर हुआ हादसा।
• टनकपुर डिपो की रोडवेज बस और उत्तर प्रदेश के यात्रियों से भरी पिकअप में आमने-सामने की टक्कर।
• टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि पिकअप के परखच्चे उड़े, दो लोग फ्लाईओवर से नीचे जा गिरे।
• हादसे में नजीबाबाद के मां-बेटे सहित तीन की मौत, चार लोग गंभीर रूप से घायल।
• श्यामपुर फ्लाईओवर पर एक ही सप्ताह में यह दूसरा बड़ा हादसा, लाइट व्यवस्था न होना बड़ी वजह।
हरिद्वार
धर्मनगरी हरिद्वार के श्यामपुर थाना क्षेत्र से सोमवार सुबह एक बेहद दर्दनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाले सड़क हादसे की खबर सामने आई है। यहाँ नवनिर्मित 4.2 फ्लाईओवर के पास टनकपुर डिपो की एक रोडवेज बस और यात्रियों से भरी पिकअप गाड़ी के बीच आमने-सामने की भीषण भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों ही वाहनों के परखच्चे उड़ गए। इस दर्दनाक हादसे में एक ही परिवार के मां-बेटे समेत तीन लोगों की मौके और अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई, जबकि चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। घायलों को तुरंत 108 एंबुलेंस की मदद से नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया है, जहां उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है।
फ्लाईओवर के मोड़ पर आमने-सामने की टक्कर, नीचे गिरे लोग
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, टनकपुर डिपो की रोडवेज बस नजीबाबाद से हरिद्वार की तरफ आ रही थी, जबकि पिकअप वाहन (जिसमें करीब 10 लोग सवार थे) हरिद्वार से बिजनौर की ओर जा रहा था। जैसे ही दोनों वाहन श्यामपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले नवनिर्मित फ्लाईओवर के मोड़ पर पहुंचे, तेज रफ्तार होने के कारण दोनों में सीधी और आमने-सामने की जोरदार भिड़ंत हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बस ने पिकअप के बीच वाले हिस्से में इतनी जोरदार टक्कर मारी कि पिकअप पूरी तरह से मलबे में तब्दील हो गई। भिड़ंत का प्रभाव इतना भयानक था कि पिकअप में सवार दो यात्री उछलकर फ्लाईओवर से सीधे नीचे जा गिरे। हादसे के तुरंत बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और हाईवे पर दोनों ओर लंबा जाम लग गया।
राहत और बचाव कार्य, घायलों को एम्स ऋषिकेश रेफर किया गया
घटना की सूचना मिलते ही श्यामपुर थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों और पुलिस ने तुरंत संयुक्त रूप से राहत और बचाव कार्य शुरू किया। पिकअप के क्षतिग्रस्त हिस्सों में फंसे घायलों को बड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया और तत्काल जिला चिकित्सालय हरिद्वार भेजा गया।
जिला अस्पताल में उपचार के दौरान 18 वर्षीय युवक अहान और एक अन्य 35 वर्षीय अज्ञात व्यक्ति (जिसकी शिनाख्त के प्रयास किए जा रहे हैं) को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं, हादसे में गंभीर रूप से घायल शराफत और उनकी पत्नी शबाना की नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत एम्स (AIIMS) ऋषिकेश के लिए रेफर कर दिया। लेकिन बेहद दुखद बात यह रही कि शबाना ने एम्स पहुंचने से पहले रास्ते में ही दम तोड़ दिया। इस तरह इस हादसे ने एक ही हंसते-खेलते परिवार के मां और बेटे को हमेशा के लिए छीन लिया।
हादसे के शिकार हुए मृतकों और घायलों का विवरण
सड़क हादसे में जान गंवाने वाले व्यक्ति:
1. अहान (18 वर्ष) पुत्र शराफत, निवासी बढ़ापुर, नजीबाबाद (बिजनौर, यूपी)
2. शबाना (35 वर्ष) पत्नी शराफत, निवासी बढ़ापुर, नजीबाबाद (अस्पताल ले जाते समय मौत)
3. फहीम/अज्ञात व्यक्ति (35 वर्ष) पुत्र अमानत (अन्य विवरण की प्रतीक्षा की जा रही है)
गंभीर रूप से घायल व्यक्ति:
1. शराफत (42 वर्ष) पुत्र सरमद, निवासी बढ़ापुर, नजीबाबाद (मृतक अहान के पिता और शबाना के पति – एम्स में भर्ती)
2. सोहने लाल (25 वर्ष) पुत्र राम रईस, निवासी ग्राम रीठ मानसिंह, हरदोई (यूपी)
3. अनु (18 वर्ष) पुत्र मेहंदी हसन, निवासी बढ़ापुर, नजीबाबाद (यूपी)
4. समीम (42 वर्ष) पुत्र हसीनुद्दीन, निवासी बिजनौर (यूपी)
पुलिस के अनुसार, हादसे का शिकार हुए सभी लोग उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों के रहने वाले हैं और किसी काम से उत्तराखंड आए थे।
फ्लाईओवर पर अंधेरा और तेज रफ्तार बनी काल
स्थानीय निवासियों और पुलिस की शुरुआती जांच में इस भीषण हादसे की मुख्य वजह वाहनों की तेज रफ्तार मानी जा रही है। इसके साथ ही, श्यामपुर थाना क्षेत्र में नवनिर्मित फ्लाईओवर पर बुनियादी सुविधाओं की कमी भी एक बड़ा कारण बनकर उभरी है।
गौर करने वाली बात यह है कि इसी सप्ताह इस फ्लाईओवर पर यह दूसरा बड़ा और जानलेवा हादसा है। बीते सप्ताह ही दुकान बंद करके अपने घर लौट रहे एक बुजुर्ग दंपति और उनके 5 साल के मासूम पोते की भी इसी फ्लाईओवर पर एक ट्रैक्टर-ट्रॉली से टकराकर दर्दनाक मौत हो गई थी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस नए फ्लाईओवर पर प्रशासन द्वारा अभी तक लाइट (स्ट्रिट लाइट) की पर्याप्त व्यवस्था नहीं की गई है, जिसके कारण रात और सुबह के वक्त मोड़ पर अंधेरा रहता है और वाहन चालकों को सामने से आ रही गाड़ियां दिखाई नहीं देतीं
पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई
मामले की जानकारी देते हुए सीओ (सीटी) अवनी तिवारी ने बताया कि पुलिस ने तीनों मृतकों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय की मोर्चरी में रखवा दिया है। मृतकों के परिजनों को इस दुखद घटना की सूचना दे दी गई है, जिसके बाद परिवारों में कोहराम मचा हुआ है। दुर्घटनाग्रस्त रोडवेज बस और पिकअप वाहन को हाइड्रा क्रेन की मदद से सड़क से हटाकर किनारे किया गया है और यातायात को पूरी तरह सुचारू करा दिया गया है। पुलिस ने मामले की सघनता से जांच शुरू कर दी है और तहरीर के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

